गूगल क्रोम क्या है, Google chrome meaning in Hindi

गूगल क्रोम दुनिया का सबसे ज्यादा सुरक्षित वेब ब्राउज़र है जो क गूगल द्वारा ऑपरेट किया जाता है, गूगल क्रोम मोबाइल और कंप्यूटर दोनों के लिए उपलब्ध है। Google chrome kya hai।
संस्थापक/मालिक गूगल
स्थापना वर्ष 2 सितंबर 2008
वेबसाइट google.com/chrome
अन्य विकल्प फायरफॉक्स, माइक्रोसॉफ्ट इज

What is Google chrome in Hindi, Google Chrome kya hai

गूगल क्रोम एक वेब ब्राउज़र है जो कि हमें इंटरनेट सर्फिंग का विकल्प देता है, इसके जरिए हम किसी भी वेबसाइट को ओपन कर सकते हैं और उसके फीचर्स का इस्तेमाल कर सकते हैं, दुनिया की सभी वेबसाइट गूगल क्रोम को सपोर्ट करती हैं और यदि कोई वेबसाइट गूगल क्रोम को सपोर्ट नहीं करती है, तो वह वेबसाइट अपनी ट्रैफिक का एक बहुत बड़ा हिस्सा गंवा सकती है।

क्रोम का इतिहास

गूगल क्रोम गूगल कंपनी द्वारा 2 september 2008 में लॉन्च किया गया था और माइक्रोसॉफ्ट के इंटरनेट एक्सप्लोरर, मोज़िला के फायरफॉक्स ब्राउजर को पीछे करते हुए आज दुनिया का सबसे बड़ा वेब ब्राउजर बन गया है।

Chrome ke features kya kya hain

डेस्कटॉप मोड

गूगल क्रोम अपने सभी मोबाइल उपयोगकर्ताओं को डेस्कटॉप वेबसाइट का विकल्प देता है, जिससे कि उपयोगकर्ता अपने मोबाइल के क्रोम ब्राउज़र के जरिए ही डेस्कटॉप वेबसाइट को भी कर सकता है, क्योंकि बहुत सारी वेबसाइट से मोबाइल ब्राउजर को सपोर्ट में ही करती हैं, और मोबाइल में ब्राउज़र में बहुत सीमित विकल्प मिलते हैं, लेकिन यदि उपयोगकर्ता ऐसे किसी समस्या का सामना कर रहा है तो इस वेबसाइट पर जाकर गूगल क्रोम के लिए टॉप मोड को चालू कर देना चाहिए, जिससे कि मोबाइल ब्राउजर में ही कंप्यूटर जैसा एक्सपीरियंस मिल सकता है।

एक्सटेंशन

गूगल क्रोम में एक्सटेंशन का मोड डेस्कटॉप उपयोगकर्ताओं के लिए दिया गया है, जिसका इस्तेमाल करके उपयोगकर्ता अपनी गूगल क्रोम ब्राउजर में ढेरों पर क्यों शामिल कर सकता है, क्योंकि ग्रुप में फालतू से बहुत सीमित फीचर्स मिलते हैं लेकिन गूगल क्रोम एक्सटेंशन विकल्प सीमित फीचर्स की कमी को दूर कर देता है, गूगल क्रोम एक्सटेंशन एक तरह से एप्लीकेशन होता है जिसे डेस्कटॉप क्रोम ब्राउजर में इंस्टॉल किया जा सकता है, और जिस तरह से आप अपने एंड्राइड मोबाइल में एप्लीकेशन इंस्टॉल करके ढेरों पिक्चर पाते हैं उसी तरह से एक्सटेंशन को इंस्टॉल करने पर भी आपको ढेरों फीचर मिलेंगे, जिसमें से आप अपनी इच्छा अनुसार और अपनी जरूरत के अनुसार एक्सटेंशन को इंस्टॉल कर सकते हैं, लेकिन सुनिश्चित करें कि आपको उस chrome-extension की जरूरत है, क्योंकि यदि बिना वजह अधिक क्रोम एक्सटेंशन को अपने क्रोम वेब ब्राउजर में इंस्टॉल करेंगे तो आपके ब्राउज़र पर अधिक लोड बढ़ेगा।

डाटा सेवर

गूगल क्रोम ब्राउजर में डाटा सेवर का विकल्प मौजूद रहता है जो कि कम डाटा के इस्तेमाल पर अधिक बेहतर परफॉर्मेंस दे सकता है, और इसका इस्तेमाल तब कर सकते हैं जब आपके पास सीमित डाटा हो, गूगल क्रोम ब्राउजर लगभग 10 जीबी पर 1 जीबी डाटा तक सेव कर लेता है, यानी कि यदि आप अपने क्रोम ब्राउजर के इस्तेमाल से इंटरनेट सर्फिंग करते हैं और 1GB डाटा खत्म करते हैं तो डाटा सेवर चालू होने की कंडीशन में लगभग 100 MB तक आप बचा सकते हैं।

Incognito tab

गूगल क्रोम का यह टैब एक प्राइवेट टाइम होता है जिसके इस्तेमाल से हम पूरी तरह से प्राइवेट इंटरनेट सर्फिंग करते हैं, क्योंकि जब हम सामान्य तौर पर इंटरनेट सर्फिंग करते हैं तो हमारे वेब ब्राउज़र में उसकी हिस्ट्री बन जाती है, वेबसाइट को कुकीज डाटा का इस्तेमाल कर पाती हैं, आपके द्वारा डाली गई जानकारियां सेव हो जाती हैं, लेकिन जब आप इनकॉग्निटो टैब का इस्तेमाल करेंगे तो आपके द्वारा विजिट किए गए किसी भी पेज की हिस्ट्री नहीं बनाई जाएगी, आपके द्वारा डाली गई जानकारियों को शेयर नहीं किया जाएगा, कुकीज डाटा को सेव नहीं किया जाएगा।

क्रोम find

यदि आप इंटरनेट का इस्तेमाल करते हैं और किसी लंबे भेज पर पहुंचते हैं, जिसमें से आपको किसी विशिष्ट शब्द को ढूंढना होता है तो उस तक पहुंचने में आपको काफी समस्या हो सकती है ऐसे में आप गूगल क्रोम सर्च का इस्तेमाल कर सकते हैं, जिससे कि आप डायरेक्ट अपने उस कांटेक्ट तक पहुंच पाएंगे जिससे आप पढ़ना चाहते हैं, और यह विकल्प सिर्फ मोबाइल उपयोगकर्ताओं के लिए उपलब्ध है क्योंकि इस किताब उपयोगकर्ता ctrl+f का इस्तेमाल करके डायरेक्ट text को सर्च कर सकते हैं, लेकिन यदि आप मोबाइल वर्जन गूगल क्रोम का इस्तेमाल कर रहे हैं तो उस पेज पर जाने के बाद फ्री डॉट पर क्लिक करके find पर क्लिक करके आप text को सर्च कर सकते हैं।

Chrome एप्प इंस्टॉलर

गूगल क्रोम का यह एक नया फीचर है जो कि सिर्फ मोबाइल उपयोगकर्ताओं के लिए उपलब्ध है, इसके जरिए आप किसी भी वेबसाइट का अल्टरनेटिव एप्लीकेशन बना सकते हैं, जिसके लिए आपको बार-बार गूगल क्रोम ब्राउजर में नहीं जाना होगा, बल्कि जब गूगल क्रोम के जरिए उस वेबसाइट का ऐप बना लेंगे तो उस वेबसाइट ऐप के आइकन पर क्लिक करके डायरेक्ट उस वेबसाइट को एक्सेस कर पाएंगे।

क्रोम History

गूगल क्रोम ब्राउजर का यह काफी यूनिक विकल्प है जिससे कि जब भी कोई भी उपयोग करता किसी वेबपेज को ओपन करता है, या गूगल में कुछ भी सर्च करता है तो गूगल क्रोम ब्राउजर ऑटोमेटिक उसकी हिस्ट्री बना देता है, जो कि गूगल क्रोम ब्राउज़र में सेव हो जाती है यह कई तरीकों से उपयोगकर्ताओं के लिए सहायक साबित होता है, क्योंकि यदि आप पहले किसी वेबसाइट को विजिट कर चुके होते हैं लेकिन आप उसे भूल चुके होते हैं और आप सुनाओ वेबसाइट को विजिट करना चाहते हैं तो आपको उसे सर्च करने की जरूरत नहीं पड़ेगी, बल्कि आप अपनी गूगल क्रोम ब्राउजर हिस्ट्री में जाकर उस पेज पर आसानी से पहुंच सकते हैं, लेकिन कुछ हालातों में आपके लिए साबित हो सकती है। क्योंकि गूगल क्रोम ब्राउजर में हमारे वे सर्फिंग का पूरा इतिहास मौजूद रहता है जिससे कि कोई भी व्यक्ति हमारे गूगल क्रोम के हिस्ट्री में जा कर यह देख सकता है, कि हमने इंटरनेट पर क्या क्या इस्तेमाल किया है क्या सर्च किया है तो ऐसे में हमारी प्राइवेसी गायब हो सकती है, इसलिए सुनिश्चित करें कि यदि आपने कुछ भी ऐसा सर्च किया है या किसी ऐसे अकाउंट एंड का इस्तेमाल किया है, जो कि अनुचित है या आप नहीं चाहते हैं दूसरे लोगों को इस बारे में जानकारी हो तो आप उसे अपने हिस्ट्री में जाकर डिलीट कर सकते हैं।

Google aur google Chrome me kya antar hai

गूगल और गूगल क्रोम ब्राउजर दोनों एक दूसरे से काफी ज्यादा भिन्न हैं, लेकिन गूगल और गूगल क्रोम दोनों एक ही कंपनी के प्रोडक्ट हैं और दोनों के इस्तेमाल भी लगभग एक प्रकार हैं, इसलिए आपको यह दोनों एक जैसे प्रतीत हो सकते हैं लेकिन गूगल एक तरह से सर्च इंजन है जबकि गूगल क्रोम एक वेब ब्राउज़र है, जब आप गूगल पर विजिट करेंगे तो आप डायरेक्ट google.com पर पहुंचते हैं  लेकिन यदि आप गूगल क्रोम ओपन करते हैं तो आप एक बार गूगल क्रोम ब्राउजर में पहुंचते हैं, उसके बाद कुछ सर्च करते हैं तो गूगल में सर्च होता है जिसकी वजह यह है कि गूगल क्रोम ब्राउजर में डिफ़ॉल्ट रूप से सर्च इंजन गूगल दिया जाता है, लेकिन यदि आप चाहें तो बदल भी सकते हैं गूगल के बजाय बिंग इत्यादि का इस्तेमाल कर सकते हैं।

Kya google chrome surakshit hai

हां गूगल क्रोम का इस्तेमाल सुरक्षित है लेकिन यह इस बात पर निर्भर करता है कि आप किस तरह की वेबसाइट पर विजिट करना चाहते हैं, जबकि ज्यादातर हार्मफुल वेबसाइट गूगल क्रोम ऑटोमेटिक एनालाइज कर लेता है और आपको उस तक पहुंचने से रोक देता है, लेकिन बहुत सारी ऐसी वेबसाइट से होती है जोकि मलीशियस कंटेंट को रखती हैं, जोकि आपके लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है, और यदि गूगल क्रोम आपको किसी और साइट पर जाने से रोकता है तो उस वेबसाइट पर बिल्कुल भी विजिट ना करें, और जब गूगल क्रोम आपको किसी वेबसाइट पर जाने से रोकेगा तो लाल रंग का अलर्ट आएगा। इस लेख में आपने सीखा Google Chrome kya hai और Google chrome meaning in Hindi हमें उम्मीद है ये लेख आपके लिए उपयोगी साबित होगा।